प्रथम विश्व युद्ध में, 'अटैक ऑफ द डेड मेन' तब हुआ जब रासायनिक गैस से बुरी तरह झुलसे ____ जवाबी हमले के लिए उठ खड़े हुए।
1915 में प्रथम विश्व युद्ध के दौरान, रूसी सैनिकों ने क्लोरीन गैस हमले के बाद ओसोविएक किले की रक्षा की थी।
चौंकाने वाला जवाबी हमला:
- ☣️ जर्मन सेना को किसी के जीवित रहने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन धुंध से 100 रूसी सैनिक बाहर निकले
- 🧟 उनके चेहरे खून से लथपथ थे और वे खून की उल्टियां कर रहे थे, वे 'ज़ोंबी' की तरह लग रहे थे
मनोवैज्ञानिक जीत:
- 😱 इन 'मरे हुए' लोगों को हमला करते देख 7,000 जर्मन सैनिक डर के मारे भाग खड़े हुए
- 🛡️ यह इतिहास में मानवीय इच्छाशक्ति का सबसे महान उदाहरण माना जाता है